भारत निर्वाचन आयोग की टीम ने विशेष गहन पुनरीक्षण-2026 के कार्यों की समीक्षा के लिए देहरादून का दौरा किया। टीम ने जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. आशीष चौहान और अन्य अधिकारियों के साथ बैठक कर कार्यों की प्रगति जांची।
आयोग की टीम ने प्रारूप-7 की आपत्तियों का निष्पक्ष व पारदर्शी निस्तारण करने के निर्देश दिए। साथ ही स्पष्ट किया कि नाम हटाने से पहले बीएलओ और बूथ लेवल एजेंट (BLA) से अनिवार्य रूप से क्रॉस-वेरिफिकेशन कराया जाए। इसके अलावा, जिन मतदाताओं ने 11 निर्धारित प्रमाण-पत्रों में से कोई दस्तावेज नहीं दिया है, उनसे पुनः संपर्क किया जाएगा।
जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि जिले में 11.90 लाख से अधिक मतदाताओं की मैपिंग पूरी हो चुकी है और विसंगतियों वाले 5.47 लाख नोटिसों में से 90% की सुनवाई हो चुकी है। यूपी और उत्तराखंड दोनों राज्यों की सूची में दर्ज 96,187 मतदाताओं को बीएलओ के माध्यम से किसी एक राज्य को चुनने का विकल्प दिया जा रहा है।
