उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने राज्य के सभी राजकीय विश्वविद्यालयों में साइबर सुरक्षा को और अधिक सुदृढ़ करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कुलपतियों से कहा है कि डिजिटल डेटा की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए ‘डिजिटल पर्सनल डेटा प्रोटेक्शन एक्ट (DPDP)’ का कड़ाई से पालन किया जाए, ताकि छात्र-छात्राओं का डेटा सुरक्षित रहे और साइबर धोखाधड़ी को रोका जा सके।
समीक्षा बैठक में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए:
• शोध और प्रोत्साहन: ‘एक विश्वविद्यालय एक शोध’ योजना के तहत विश्वविद्यालयों को अपने शोध कार्यों का प्रस्तुतिकरण कुलाधिपति के समक्ष देना होगा। साथ ही, प्रत्येक विश्वविद्यालय के 20 मेधावी छात्रों को राज्यपाल द्वारा सम्मानित किया जाएगा।
• सांस्कृतिक संरक्षण: हरिद्वार के संस्कृत विश्वविद्यालय में देशभर के संस्कृत विश्वविद्यालयों की एक कार्यशाला आयोजित की जाएगी।
• छात्र प्रतिनिधित्व: आगामी छात्र संघ चुनावों में 50 प्रतिशत पद छात्राओं के लिए आरक्षित रखने पर सहमति बनी है।
• सामाजिक उत्तरदायित्व: विश्वविद्यालयों को उनके द्वारा गोद लिए गए गांवों की विस्तृत रिपोर्ट तैयार करने के भी निर्देश दिए गए।
बैठक में सचिव उच्च शिक्षा बी.वी.आर.सी. पुरुषोत्तम, राज्यपाल के सचिव रविनाथ रमन और विभिन्न विश्वविद्यालयों के कुलपति उपस्थित रहे, जिन्होंने साइबर सुरक्षा और परीक्षा संचालन के लिए नई कार्ययोजना बनाने पर सहमति जताई।
